दुनिया रचने वाले को भगवान कहते हैं, और संकट हरने वाले को हनुमान कहते हैं

दुनिया रचने वाले को भगवान कहते हैं, और संकट हरने वाले को हनुमान कहते हैं

दुनिया रचने वाले को भगवान कहते हैं,
और संकट हरने वाले को हनुमान कहते हैं ।

हो जाते है जिसके अपने पराये,
हनुमान उसको कंठ लगाये ।
जब रूठ जाये संसार सारा,
बजरंगबली तब देते सहारा ।
अपने भक्तो का बजरंगी मान करते है,
संकट हरने वाले को हनुमान कहते हैं ॥

दुनिया में काम कोई ऐसा नहीं है,
हनुमान के जो बस में नहीं है ।
जो चीज मांगो, पल में मिलेगी,
झोली ये खाली खुशियों से भरेगी ।
सच्चे मन से जो भी इनका ध्यान करते हैं,
संकट हरने वाले को हनुमान कहते हैं ॥

कट जाये संकट इनकी शरण में,
बैठ के देखो बजरंग के चरण में ।
‘लख्खा’ की बातों को झूठ मत मानो,
फिर ना फंसोगे जीवन मरण में ।
इनके सीने में हरदम सिया राम रहते है,
संकट हरने वाले को हनुमान कहते हैं ॥

और देवता चित्त ना धरही,
हनुमंत से सर्व सुख करही ।

संकट कटे मिटे सब पीरा,
जो सुमिरै हनुमत बल बीरा ।

दुनिया रचने वाले को भगवान कहते हैं,
और संकट हरने वाले को हनुमान कहते हैं ।

हो जाते है जिसके अपने पराये,
हनुमान उसको कंठ लगाये ।
जब रूठ जाये संसार सारा,
बजरंगबली तब देते सहारा ।
अपने भक्तो का बजरंगी मान करते है,
संकट हरने वाले को हनुमान कहते हैं ॥

दुनिया में काम कोई ऐसा नहीं है,
हनुमान के जो बस में नहीं है ।
जो चीज मांगो, पल में मिलेगी,
झोली ये खाली खुशियों से भरेगी ।
सच्चे मन से जो भी इनका ध्यान करते हैं,
संकट हरने वाले को हनुमान कहते हैं ॥

कट जाये संकट इनकी शरण में,
बैठ के देखो बजरंग के चरण में ।
‘लख्खा’ की बातों को झूठ मत मानो,
फिर ना फंसोगे जीवन मरण में ।
इनके सीने में हरदम सिया राम रहते है,
संकट हरने वाले को हनुमान कहते हैं ॥

और देवता चित्त ना धरही,
हनुमंत से सर्व सुख करही ।

संकट कटे मिटे सब पीरा,
जो सुमिरै हनुमत बल बीरा ।

दुनिया रचने वाले को भगवान कहते हैं,

दुनिया रचने वाले को भगवान कहते हैं,