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Jagjit Singh – मेरे मन के अंत तमस में, जोय्तिर मैयी उतरो

मेरे मन के अंध तमस में, ज्योतिर्मय उतारो ।जय जय माँ, जय जय माँ । कहाँ यहाँ देवों का नंदन,मलयाचल का अभिनव चन्दन ।मेरे उर के उजड़े वन में करुणामयी विचरो ॥ नहीं कहीं कुछ मुझ में सुन्दर,काजल सा काला यह अंतर ।प्राणों के गहरे गह्वर में ममता मई विहरो ॥ वर दे वर दे, […]

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Om Jai Laxmi Mata By Alka Yagnik – Lakshmi Mata Aarti

[ॐ जय लक्ष्मी माता, मैया जय लक्ष्मी मातातुमको निशदिन सेवत, मैया जी को निशदिन सेवतहरि विष्णु विधाता, ॐ जय लक्ष्मी माता ] x २[उमा, रमा, ब्रह्माणी, तुम ही जग-मातासूर्य-चन्द्रमा ध्यावत, नारद ऋषि गाताॐ जय लक्ष्मी माता] x २ [दुर्गा रुप निरंजनी, सुख सम्पत्ति दाताजो कोई तुमको ध्यावत, ऋद्धि-सिद्धि धन पाताॐ जय लक्ष्मी माता] x २ […]